Sunday , October 2 2022

OPINIONS

मदरसों का सर्वे और उसकी मुखालिफत

उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार ने तमाम गैर तस्लीम शुदा मदरसों का सर्वे कराने का फैसला किया और आनन-फानन इस फैसले पर अमल भी शुरू हो गया। जमीअत उलेमा ए हिन्द के दोनों धड़ों यानी चचा मौलाना अरशद मदनी की जमीअत और भतीजे महमूद मदनी की जमीअत ने इकट्ठा …

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संविधान, अम्बेडकर और गांधी

गांधी और अम्बेडकर का संवाद समीकरण आजादी के पहले के भारत का महत्वपूर्ण परिच्छेद है। गांधी की विशालता थी। बड़े बौद्धिक मतभेदों के रहते भी अम्बेडकर को देश हित में भूमिका सौंपी। उसके बिना गांधी का अहंकार सुरक्षित रह सकता था। लेकिन देश को अपनी बुनियाद पर खड़ा होने में …

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इस निरीह आदमी से आपके धर्म को क्या और क्यों खतरा है?

तस्वीर में देखिए और सोचिए कि इस निरीह आदमी से आपके धर्म को क्या और क्यों खतरा है? अगर है तो आप कायर हैं। गरीबों को सताकर हिंदू विश्वगुरु कैसे बनेंगे? कर्नाटक के एक हनुमान मंदिर के सामने कुछ मुस्लिम ठेले पर फल बेच रहे थे। हिंदूवादी उपद्रवियों को यह …

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अकबर ही अकेला हिन्दुस्तान का नारीवादी शासक

हिन्दुस्तान के पूरे इतिहास में अगर कोई नारीवादी शासक रहा है तो वह अकबर था। वह औरंगजेब की तरह कठमुल्ला नहीं था। उसका दिमाग खुला था और उसने दुनिया देखी थी। 1600 ई के आसपास यह वह दौर था जब पहली बार अंग्रेज कारोबार करने भारत आने लगे थे। वह …

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जबरन गले लगने या बिरयानी खाने से पड़ोसी देशों के साथ रिश्ते नहीं सुधरते

आज की स्थिति बहुत चिंताजनक है। कोरोना की मार के बीच केंद्र सरकार की अदूरदर्शी नीतियों की वजह से एक तरफ लोग गिरती अर्थव्यवस्था, बढ़ती महंगाई और बेरोजगारी से परेशान हैं, दूसरी तरफ हमारे आज के हुक्मरान साढ़े सात साल सरकार चलाने के बाद भी अपनी गलतियों को मानकर उनमें …

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लोकतंत्र की सड़क पर कम पड़ी अहंकार की कीलें

आज़ादी की लड़ाई के बाद इस दौर में भी ज़हरीली सियासी आबोहवा में एक बार फिर साबित हो गया है आज भी भारत में माफीवीर सावरकर व आतंकी गोड़से का गुणगान कर उनके नक़्शेक़दम पर चलने वाली सरकार के दौर में भी गांधीवाद ही भारी हैं। लाख कोशिशें करने के …

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घटिया आजम खान को मिला अशोक सिंघल का नाम !

न नाम बदला और न ही ताज नगरी का रंग रूप !! हजारों साल नरगिस अपनी बेनूरी पर रोती है बड़ी मुश्किल से होता है चमन में दीदावर पैदा और कुछ ऐसा ही हाल है उत्तर प्रदेश की जगमगाती आगरा नगरी का। शुक्रिया गूगल बाबा, आपने ऐसा घुमाया की छम्मन …

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2022 में क्या रहेगा साईकल का हैंडल या सिर्फ ट्विटर का हैंडल

समाजवादी पार्टी के युवा राष्ट्रीय अध्यक्ष और उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री लखीमपुर के किसान आंदोलन के लिए अपने वातानुकूलित कक्ष से निकले ज़रूर लेकिन चार कदम भी न चल सके और हाथ जोड़ कर अपने ही घर के सामने बैठ गए। वहीं दिल्ली से उड़ी प्रियंका गांधी की ऎसी …

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कांग्रेस के दलित कार्ड से परेशान हुए मुखालिफीन

कांग्रेस ने दलित लीडर चरणजीत सिंह चन्नी को पंजाब का नया वजीर-ए-आला बनाकर ऐसा दांव चला कि अकाली दल, बहुजन समाज पार्टी, भारतीय जनता पार्टी और आम आदमी पार्टी सभी चारों खाने चित हो गए। बीएसपी सुप्रीमो मायावती और भारतीय जनता पार्टी तो जैसे बिलबिला उठे। चन्नी के साथ सुखजिंदर …

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राजनीतिक लाभ लेना ही दलित-मुस्लिम एकता का मकसद

इन दिनों दलित-मुस्लिम एकता की चर्चा फिर से होने लगी है। कई ऐसे नेता हैं, जो खुद को दलित-मुस्लिम एकता का पैरोकार बता रहे हैं। उनका मकसद आने वाले विधानसभा चुनाव में राजनीतिक लाभ लेना है। एक समय यही काम जोगेंद्र नाथ मंडल ने किया था। उनका जन्म पूर्वी बंगाल …

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